एज-एआई से करियर की नई राह तलाशें छात्र : प्रो. राणा
मलेशिया के विशेषज्ञ ने तकनीकी अनुप्रयोग और केस स्टडी से कराया परिचय
‘एआई मेड ईजी’ कार्यशाला में भविष्य की संभावनाओं पर हुई चर्चा
जौनपुर: वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में दीक्षोत्सव-2026 के तहत आईईईई स्टूडेंट ब्रांच की ओर से आयोजित ‘एआई मेड ईजी’ कार्यशाला में छात्रों को एज-एआई की तकनीक और उसके व्यावहारिक अनुप्रयोगों की जानकारी दी गई। एशिया पैसिफिक यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी एंड इनोवेशन, मलेशिया के प्रो. डॉ. मोहम्मद एहसान राणा ने छात्रों को तकनीक के क्षेत्र में उभरती संभावनाओं के साथ करियर के नए अवसर तलाशने के लिए प्रेरित किया।
प्रो. राणा ने एज-एआई के तकनीकी पहलुओं के साथ इसके विभिन्न अनुप्रयोगों और केस स्टडी पर चर्चा की। उन्होंने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता के तेजी से विस्तार के दौर में छात्रों को नई तकनीकों की समझ विकसित करने के साथ अपने कौशल को भी लगातार अपडेट करना चाहिए। कार्यशाला का उद्देश्य विद्यार्थियों को एआई के नवीन विकास से परिचित कराकर भविष्य की चुनौतियों और अवसरों के लिए तैयार करना रहा।कार्यक्रम का आयोजन विश्वविद्यालय और एशिया पैसिफिक यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी एंड इनोवेशन के बीच हुए एमओयू के तहत किया गया। कुलपति के मार्गदर्शन और राजभवन के निर्देशों के क्रम में विश्वविद्यालय में एआई जागरूकता से जुड़े कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। इंजीनियरिंग संकाय के संकायाध्यक्ष प्रो. सौरभ पाल और कंप्यूटर साइंस विभागाध्यक्ष डॉ. विक्रांत भटेजा के मार्गदर्शन में हुए कार्यक्रम में आईईईई ब्रांच काउंसलर डॉ. दिव्येंदु मिश्र ने कार्यशाला के उद्देश्य पर प्रकाश डाला। डॉ. विक्रांत भटेजा ने मुख्य वक्ता का स्वागत किया। फैकल्टी कोऑर्डिनेटर डॉ. दिलीप यादव ने एआई के महत्व पर विचार रखे। संचालन इप्सिता श्रीवास्तव और धन्यवाद ज्ञापन डॉ. दिव्येंदु कुमार मिश्र ने किया। इस दौरान आईईईई स्टूडेंट ब्रांच के चेयर सृजन श्रीवास्तव सहित बड़ी संख्या में छात्र मौजूद रहे।













