• About
  • Advertise
  • Privacy & Policy
  • Contact
  • Tamannaah Bhatia shines in celestial blue lehenga in new video, talks about her ‘sexy’ bridal look
Advertisement
  • Home
  • Desh-Videsh
  • Uttar Pradesh
  • Purvanchal News
  • Jaunpur
  • Varanasi
No Result
View All Result
  • Home
  • Desh-Videsh
  • Uttar Pradesh
  • Purvanchal News
  • Jaunpur
  • Varanasi
No Result
View All Result
Sankalp Savera
No Result
View All Result
Home Jaunpur

जौनपुर की मिट्टी के लाल ने कर्मठता और जनसेवा से रचा देशव्यापी लोकप्रियता का इतिहस

Jaunpur's Mitti Lal created history of nationwide popularity with his hard work and public service.

Sankalp Savera by Sankalp Savera
July 3, 2026
in Jaunpur, Purvanchal News
0
जौनपुर की मिट्टी के लाल ने कर्मठता और जनसेवा से रचा देशव्यापी लोकप्रियता का इतिहस
1.5k
VIEWS
Share on FacebookShare on TelegramShare on WhatsappShare on Twitter

जौनपुर की मिट्टी के लाल ने कर्मठता और जनसेवा से रचा देशव्यापी लोकप्रियता का इतिहस

लैब असिस्टेंट से महाराष्ट्र के गृह राज्यमंत्री, मुंबई कांग्रेस अध्यक्ष और अब भाजपा के राष्ट्रीय नेता तक का प्रेरणादायी सफर

चुनावी हार के बाद भी जनसेवा का संकल्प अटूट,जन्मभूमि जौनपुर से अटूट जुड़ाव, जनसेवा का सिलसिला जारी, जीत-हार से ऊपर जनसेवा को दिया सर्वोच्च स्थान

जौनपुर, संकल्प सवेरा। उत्तर प्रदेश के जौनपुर जनपद की पावन धरती ने समय-समय पर अनेक ऐसे व्यक्तित्व देश को दिए हैं, जिन्होंने अपने कर्म, संघर्ष और समर्पण के बल पर राष्ट्रीय स्तर पर विशिष्ट पहचान बनाई। ऐसे ही व्यक्तित्वों में अग्रणी नाम है कृपाशंकर सिंह, जिन्हें महाराष्ट्र ही नहीं बल्कि देशभर में लोग स्नेहपूर्वक “कृपा चाचा” के नाम से जानते हैं। जिले के सहोदरपुर गांव में एक साधारण किसान परिवार में जन्मे कृपाशंकर सिंह ने सीमित संसाधनों और ग्रामीण परिवेश से निकलकर जिस ऊंचाई को प्राप्त किया, वह आज लाखों युवाओं के लिए प्रेरणा का स्रोत है। उनकी जीवन यात्रा यह संकल्प का संदेश देती है कि परिस्थितियां चाहे कितनी भी कठिन क्यों न हों, यदि व्यक्ति में दृढ़ इच्छाशक्ति, अथक परिश्रम और समाज के प्रति समर्पण हो तो सफलता निश्चित रूप से उसके कदम चूमती है। 31 जुलाई 1950 को जन्मे कृपाशंकर सिंह की प्रारंभिक शिक्षा गांव के जय हिंद इंटर कॉलेज में हुई। छात्र जीवन से ही वे अध्ययन के साथ-साथ सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय रहते थे। ग्रामीण परिवेश में सीमित अवसरों को देखते हुए उन्होंने महज 21 वर्ष की आयु में अपने सपनों को साकार करने के लिए मुंबई का रुख किया। उस समय किसी ने कल्पना भी नहीं की थी कि जौनपुर का यह युवा आगे चलकर महाराष्ट्र की राजनीति का प्रभावशाली चेहरा बनेगा और देश की राजनीति में भी अपनी मजबूत पहचान स्थापित करेगा।


मुंबई पहुंचने के बाद उनका जीवन बेहद संघर्षपूर्ण रहा। वर्ष 1972 में उन्होंने एक प्रतिष्ठित फार्मास्यूटिकल कंपनी में लैब असिस्टेंट के रूप में नौकरी शुरू की। सीमित वेतन, कठिन परिस्थितियां और महानगर की चुनौतियों के बावजूद उन्होंने कभी हार नहीं मानी। दिन में नौकरी और शेष समय समाज सेवा तथा लोगों के बीच सक्रिय रहकर उन्होंने धीरे-धीरे अपनी अलग पहचान बनाई। यही जनसंपर्क आगे चलकर उनके राजनीतिक जीवन की मजबूत नींव बना। उनकी कार्यशैली, संघर्षशील व्यक्तित्व और जनसेवा की भावना से प्रभावित होकर भारत की पूर्व राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल ने उन्हें सक्रिय राजनीति में आने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने इस प्रेरणा को जीवन का मार्गदर्शन माना और पूरी निष्ठा के साथ संगठनात्मक कार्यों में जुट गए।

उन्होंने हिंदी के साथ-साथ मराठी भाषा पर भी उत्कृष्ट पकड़ बनाई, जिससे महाराष्ट्र के आम जनमानस से उनका सीधा संवाद स्थापित हुआ। वर्ष 1977 से उन्होंने पार्टी संगठन में सक्रिय भूमिका निभानी शुरू की और अपनी मेहनत के बल पर लगातार नई जिम्मेदारियां प्राप्त करते गए। वर्ष 1988-89 में वे प्रदेश संगठन मंत्री बने और यहीं से उनकी राजनीतिक यात्रा ने नई ऊंचाइयों को छूना प्रारंभ किया। संगठन क्षमता, जनसंपर्क और नेतृत्व कौशल के कारण वे शीघ्र ही महाराष्ट्र की राजनीति के प्रमुख नेताओं में गिने जाने लगे। उन्होंने चार बार महाराष्ट्र विधानसभा का प्रतिनिधित्व किया तथा एक बार विधान परिषद के सदस्य भी रहे।

वर्ष 2004 से 2009 तक कृपाशंकर सिंह ने महाराष्ट्र सरकार में गृह राज्यमंत्री का दायित्व संभाला। इस दौरान कानून व्यवस्था, प्रशासनिक सुधार और जनता से सीधे संवाद की उनकी कार्यशैली की व्यापक सराहना हुई। उनका कार्यालय आम लोगों के लिए हमेशा खुला रहता था। यही कारण था कि वे केवल नेता नहीं बल्कि जनता के अभिभावक और सहयोगी के रूप में पहचाने जाने लगे। उनकी लोकप्रियता और संगठन क्षमता को देखते हुए उन्हें मुंबई प्रदेश कांग्रेस का अध्यक्ष नियुक्त किया गया। वर्ष 2008 से 2012 तक उन्होंने इस महत्वपूर्ण दायित्व का सफलतापूर्वक निर्वहन किया। उनके नेतृत्व में कांग्रेस-राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी गठबंधन ने मुंबई की छह लोकसभा सीटों में से पांच पर कांग्रेस तथा एक पर राकांपा की जीत सुनिश्चित कर उल्लेखनीय राजनीतिक सफलता प्राप्त की। संगठन को मजबूत करने और कार्यकर्ताओं को जोड़ने में उनकी भूमिका आज भी राजनीतिक हलकों में याद की जाती है।

राष्ट्रीय सुरक्षा और राष्ट्रहित से जुड़े मुद्दों पर कृपाशंकर सिंह का दृष्टिकोण हमेशा स्पष्ट रहा है। वर्ष 2019 में केंद्र सरकार द्वारा केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व में जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 के प्रावधानों को समाप्त करने के ऐतिहासिक निर्णय ने उन्हें गहराई से प्रभावित किया। उनका मानना था कि यह कदम देश की एकता, अखंडता और राष्ट्रीय हित को और अधिक सुदृढ़ करने वाला है।
बताया जाता है कि इस विषय पर उन्होंने तत्कालीन कांग्रेस नेतृत्व को पत्र लिखकर आग्रह किया कि पार्टी को अनुच्छेद 370 हटाए जाने के निर्णय का समर्थन करना चाहिए तथा राष्ट्रीय हित के प्रश्न पर स्पष्ट रुख अपनाना चाहिए। उन्होंने लगभग एक वर्ष तक पार्टी के रुख में बदलाव की प्रतीक्षा की, लेकिन जब उनकी अपेक्षानुसार कोई परिवर्तन नहीं हुआ, तब उन्होंने वैचारिक आधार पर कांग्रेस से अलग होने का निर्णय लिया।

इसके बाद कृपाशंकर सिंह ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की कार्यशैली तथा राष्ट्रहित से जुड़े निर्णयों से प्रभावित होकर भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ग्रहण की।

वर्तमान समय में वे भाजपा के वरिष्ठ राष्ट्रीय नेताओं में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं तथा संगठन विस्तार, जनसंपर्क और सामाजिक कार्यक्रमों में निरंतर योगदान दे रहे हैं। हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के 12 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में जन-जागरण अभियान के अंतर्गत कृपाशंकर सिंह ने जौनपुर लोकसभा के दर्जनों गांव में जाकर लोगों से जनसंपर्क स्थापित किया। गांव की समस्याओं, विकास कार्यों और जनसुविधाओं की जानकारी लेने के बाद कृपाशंकर सिंह ने गांव के समग्र विकास में हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि गांवों का विकास ही भारत के समग्र विकास की आधारशिला है। इस दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में चल रही विकास योजनाओं और जनकल्याणकारी कार्यक्रमों की विस्तार से जानकारी भी ग्रामीणों को दी। युवा समाजसेवी बृजेश उपाध्याय ने कृपाशंकर सिंह के व्यक्तित्व की सराहना करते हुए कहा—”मैं उस समय मुंबई में ऑटो चलाता था, जब कृपा चाचा महाराष्ट्र के गृह राज्यमंत्री थे। इतने बड़े पद पर होने के बावजूद उनका व्यवहार अत्यंत सरल, आत्मीय और सहयोगी था। वर्षों बाद आज भी उनमें वही अपनापन, वही सादगी और लोगों के प्रति वही संवेदनशीलता दिखाई देती है। यही उनकी सबसे बड़ी पहचान है।”उन्होंने आगे कहा कि “कृपा चाचा केवल महाराष्ट्र के नेता नहीं हैं, बल्कि जौनपुर की आन-बान-शान हैं। वे सर्वसमाज के लिए प्रेरणा हैं। उनका संघर्ष, मेहनत और जनसेवा का जीवन प्रत्येक युवा को आगे बढ़ने की प्रेरणा देता है। उनका व्यक्तित्व बताता है कि सफलता पद से नहीं बल्कि सेवा, संस्कार और व्यवहार से बड़ी होती है।”
कृपाशंकर सिंह का जीवन इस बात का सशक्त प्रमाण है कि सफलता केवल बड़े शहरों में जन्म लेने वालों की विरासत नहीं होती। छोटे गांवों से निकलकर भी बड़े सपनों को साकार किया जा सकता है। साधारण किसान परिवार का एक युवा, जिसने लैब असिस्टेंट के रूप में नौकरी से अपने करियर की शुरुआत की, वही आगे चलकर महाराष्ट्र का गृह राज्यमंत्री, मुंबई कांग्रेस का अध्यक्ष और राष्ट्रीय राजनीति का प्रभावशाली चेहरा बना।


महाराष्ट्र की राजनीति में महत्वपूर्ण पहचान स्थापित करने के बाद कृपाशंकर सिंह ने अपनी जन्मभूमि जौनपुर की सेवा का संकल्प भी लिया। इसी उद्देश्य से उन्होंने जौनपुर लोकसभा क्षेत्र से चुनाव मैदान में उतरकर जनता का आशीर्वाद प्राप्त करने का प्रयास किया। हालांकि उन्हें चुनाव में सफलता नहीं मिल सकी, लेकिन उन्होंने इसे जनसेवा के मार्ग में बाधा नहीं बनने दिया।

चुनाव परिणाम के बाद भी कृपाशंकर सिंह लगातार जौनपुर की जनता के बीच सक्रिय रहे। वे लगातार जिले का दौरा कर ग्रामीण क्षेत्रों में पहुंचते हैं, लोगों की समस्याएं सुनते हैं और उनके समाधान के लिए हरसंभव प्रयास करते हैं। सामाजिक, संगठनात्मक और जनहित के कार्यक्रमों में उनकी नियमित भागीदारी उन्हें आम जनता से निरंतर जोड़े रखती है। इनका मानना है कि जनसेवा केवल चुनाव जीतने तक सीमित नहीं होती, बल्कि जनता के सुख-दुख में सहभागी बनना ही एक जनप्रतिनिधि और जननेता का वास्तविक दायित्व है। यही कारण है कि चुनाव में सफलता न मिलने के बावजूद उनका जनसंपर्क और समाजसेवा का अभियान निरंतर जारी है। जौनपुर की जनता के बीच उनकी सक्रियता, सहजता और आत्मीय व्यवहार आज भी उन्हें एक लोकप्रिय जननेता के रूप में स्थापित करता है।
राजनीति का मूल उद्देश्य सदैव राष्ट्रसेवा, जनकल्याण और विकास रहा है, और इसी विचारधारा के अनुरूप उन्होंने अपना राजनीतिक मार्ग चुना।
यह यात्रा मेहनत, धैर्य, ईमानदारी, संगठन क्षमता और जनता के प्रति समर्पण की अद्भुत मिसाल है। आज जौनपुर की धरती अपने इस सपूत पर गर्व करती है। उनकी उपलब्धियां न केवल जिले बल्कि पूरे उत्तर प्रदेश के लिए सम्मान का विषय हैं। आने वाली पीढ़ियों के लिए कृपाशंकर सिंह का संघर्षमय जीवन सदैव प्रेरणा का प्रकाशस्तंभ बना रहेगा।

Previous Post

जौनपुर पुलिस की बड़ी सफलता: मुठभेड़ में अवैध असलहा तस्कर गैंग का पर्दाफाश, गैंग लीडर घायल समेत 4 गिरफ्तार

Next Post

पूर्व प्रधानाध्यापक स्व राधे मोहन मिश्र की मनाई गई पांचवीं पुण्यतिथि

Sankalp Savera

Sankalp Savera

Next Post
पूर्व प्रधानाध्यापक स्व राधे मोहन मिश्र की मनाई गई पांचवीं पुण्यतिथि

पूर्व प्रधानाध्यापक स्व राधे मोहन मिश्र की मनाई गई पांचवीं पुण्यतिथि

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Recent News

जीवन एक सफ़र है दौड़ नहीं।” – फादर पी० विक्टर

जीवन एक सफ़र है दौड़ नहीं।” – फादर पी० विक्टर

July 18, 2026
हत्या के प्रयास के दो आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार

हत्या के प्रयास के दो आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार

July 17, 2026
नवीन सब्जी मंडी में स श्रेणी के 50 दुकानों के निर्माण कार्य का हुआ भूमि पूजन

नवीन सब्जी मंडी में स श्रेणी के 50 दुकानों के निर्माण कार्य का हुआ भूमि पूजन

July 17, 2026
50 हजार का इनामी गैंगस्टर शाहगंज स्टेशन से गिरफ्तार

धर्मापुर में जमीनी विवाद को लेकर विपक्षियों ने लाठी डंडे से मारपीट कर चार को किया घायल, मुकदमा दर्ज

July 16, 2026
  • Trending
  • Comments
  • Latest
जौनपुर भदेठी कांड : सपा नेता जावेद सिद्दीकी पर लगा गैंगस्टर

जावेद सिद्दीकी समेत पांच आरोपियों को मिली जमानत

June 20, 2020
पूर्व मंत्री व विधायक पारस नाथ यादव का निधन

पूर्व मंत्री व विधायक पारस नाथ यादव का निधन

June 12, 2020
बकरी के दूध, पपीते के पत्ते से नही बढ़ता है प्लेटलेट्स: डॉ0 विजय नाथ मिश्रा

बकरी के दूध, पपीते के पत्ते से नही बढ़ता है प्लेटलेट्स: डॉ0 विजय नाथ मिश्रा

November 13, 2022
क्या आपके पास है 10 रुपये का 786 नंबर वाला ये नोट? तो घर बैठे कमा सकते हैं 5 लाख रुपये- जानें कैसे

क्या आपके पास है 10 रुपये का 786 नंबर वाला ये नोट? तो घर बैठे कमा सकते हैं 5 लाख रुपये- जानें कैसे

3
पूर्वाचंल विश्वविद्यालय की परीक्षाएं दो अप्रैल तक स्थगित

पीयू से संबद्ध महाविद्यालयों के बीए अंतिम वर्ष का परिणाम घोषित

2
डॉ हरेंद्र सिंह MLA की तरफ से आप सभी को स्वतंत्रता दिवस व रक्षाबंधन की हार्दिक शुभकामनायें ।

डॉ हरेंद्र सिंह MLA की तरफ से आप सभी को स्वतंत्रता दिवस व रक्षाबंधन की हार्दिक शुभकामनायें ।

1
जीवन एक सफ़र है दौड़ नहीं।” – फादर पी० विक्टर

जीवन एक सफ़र है दौड़ नहीं।” – फादर पी० विक्टर

July 18, 2026
हत्या के प्रयास के दो आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार

हत्या के प्रयास के दो आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार

July 17, 2026
नवीन सब्जी मंडी में स श्रेणी के 50 दुकानों के निर्माण कार्य का हुआ भूमि पूजन

नवीन सब्जी मंडी में स श्रेणी के 50 दुकानों के निर्माण कार्य का हुआ भूमि पूजन

July 17, 2026
संकल्प सवेरा || Sankalp Savera

संकल्प सवेरा न्यूज पोर्टल अब आपके हाथो मे है। पहली बार इसे देखकर आप इसके सभी समाचार को देखना तथा पढना चाहते होंगे। जिसमे हम बाधक नही बनना चाहते। सिर्फ एक संदेश देना चाहते है कि संकल्प सवेरा न्यूज पोर्टल के हर लेख,आलेख,तथा समाचार मे अपनापन का अहसास होगा। इस भावना को जगाए रखने के लिए हम सदैव प्रयत्नशील रहेंगे।

Follow Us

Browse by Category

  • Corona Update
  • Desh-Videsh
  • Dharm
  • Jaunpur
  • kavita sangrah
  • Life Style
  • Purvanchal News
  • Recruitment
  • Uncategorized
  • Uttar Pradesh
  • Varanasi
  • Videos

Recent News

जीवन एक सफ़र है दौड़ नहीं।” – फादर पी० विक्टर

जीवन एक सफ़र है दौड़ नहीं।” – फादर पी० विक्टर

July 18, 2026
हत्या के प्रयास के दो आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार

हत्या के प्रयास के दो आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार

July 17, 2026
  • Home
  • Desh-Videsh
  • Uttar Pradesh
  • Purvanchal News
  • Jaunpur
  • Varanasi

© 2020 Sankalp Savera - Hindi News Portal Designed by Digital Karigar.

No Result
View All Result
  • Home
  • Desh-Videsh
  • Uttar Pradesh
  • Purvanchal News
  • Jaunpur
  • Varanasi

© 2020 Sankalp Savera - Hindi News Portal Designed by Digital Karigar.