मछलीशहर। मछलीशहर कोतवाली पुलिस को आज बहुत बड़ी कामयाबी तब मिली जब सात साल पुरानी घटना के अंतिम अभियुक्त को भी गिरफ्तार कर लिया गया। 
कोतवाल दिनेश प्रकाश पाण्डेय ने पूरे मामले का खुलासा करते हुए बताया कि 01-05-2014 को ग्राम संरावा निवासी व्यक्ति ने अपनी चौदह वर्षीय बहन की गुमशुदगी की रिपोर्ट स्थानीय कोतवाली मे दर्ज करायी थी। जो मुकदमा अपराध संख्या 677/2014 पर दर्ज की गयी। महीनों बीत जाने पर जब अपहर्ता की बरामदगी नही हुयी तो परिजनों ने राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग मे शिकायत दर्ज करायी । आयोग ने पुलिसकर्मियों की लापरवाही मानते हुए पुलिसकर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया।
पुलिसकर्मियों के खिलाफ दर्ज मुकदमे की जाॅच सीबीसीआइडी वाराणसी द्वारा की गयी। इसी बीच बीते दिनांक 16-12-2014 को ग्राम सरावा मे एक लड़की की जली हुयी लाश मिली। उस समय अपहृत लड़की के परिजनों को भी बुलाकर पहचान करायी गयी लेकिन लाश बुरी तरह जली होने के कारण पहचान नहीं कर सके। पुलिस अधीक्षक के आदेश पर उस लाश के सुरक्षित विसरा के जरिए डीएनए टेस्ट कराया गया। जिससे अपहृत लड़की की पहचान हो गयी। इसके बाद परिजनों से नयी तहरीर लेकर आरोपियों की पहचान और धरपकड तेज की गयी। एक आरोपी संतोष पाल को पुलिस ने बीते महीने गिरफ्तार कर लिया था। दूसरे आरोपी शिवप्रकाश गौतम पुत्र अमरनाथ निवासी ग्राम संरावा को आज कोठारी नहर पुलिया के पास से गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है












