बदलती दुनिया में अपने आपको स्थापित करने के लिए कौशल जरूरी : गौरव सिंह
रोजगार के अवसर के लिए विश्वविद्यालय ने रखी नींव : कुलपति
विश्वविद्यालय और पीएमजी ग्रुप के बीच हुआ एमओयू पर हस्ताक्षर
संकल्प सवेरा जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के कौशल विकास एवं प्रशिक्षण केंद्र तथा महिला अध्ययन केंद्र के संयुक्त तत्वावधान में अभिप्रेरण कार्यक्रम आओ कौशल बढ़ाएं रोजगार दिलाएं का आयोजन मंगलवार को आर्यभट्ट सभागार में आयोजित किया गया। इस दौरान पीएमजी ग्रुप और पूर्वांचल विश्वविद्यालय के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किया गया। दोनों केंद्र मिलकर कौशल विकास के क्षेत्र में काम करेंगे।
इस अवसर पर मुख्य अतिथि पीएमजी ग्रुप के प्रबंध निदेशक डॉक्टर प्रतीक सिंह ने कहा कि तेजी से बदलती दुनिया में अपने को स्थापित करने के लिए कौशल की जरूरत है।यह केंद्र सरकार की योजना सामाजिक रूप से पिछड़े लोगों के लिए हैं। सरकार की समर्थ योजना टेक्स्टाइल के क्षेत्र में कार्य कर रही है। दीनदयाल उपाध्याय ग्रामीण योजना, उत्तर प्रदेश स्किल्स डेवलपमेंट मिशन योजना पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि इन योजनाओं से लोगों की जीवनशैली में बदलाव लाया जा सकता है |
कार्यक्रम की अध्यक्षता विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर निर्मला एस. मौर्य ने कहा कि आज जो नींव रखी जा रही हैं, उसके आने वाले परिणाम इस क्षेत्र में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराएंगे। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय मंच भी देगा और सहभागिता भी निभायेगा। विशिष्ट अतिथि पीएमजी ग्रुप के कार्यकारी अधिकारी श्री गौरव सिंह पीएमजी ग्रुप की रूपरेखा और कार्यशैली के बारे में विस्तार से बताया। इस अवसर पर कुलसचिव श्री महेंद्र कुमार ने अतिथियों का स्वागत किया।
वित्त अधिकारी श्री संजय राय ने कहा कि शिक्षा को रोजगार से जोड़ने की पहल में विश्वविद्यालय अहम भूमिका निभाएगी। कौशल विकास एवं प्रशिक्षण केंद्र की प्रगति रिपोर्ट नोडल अधिकारी डॉ राजकुमार ने प्रस्तुत की ।
संचालन नितेश कुमार जायसवाल ने और धन्यवाद ज्ञापन डॉ. जाह्नवी श्रीवास्तव ने किया। इस अवसर पर प्रो.अजय द्विवेदी, प्रो.ए.के श्रीवास्तव, प्रो.राजेश शर्मा, प्रो.देवराज सिंह, डॉ.संतोष कुमार, डॉ. मनीष गुप्ता, डॉ प्रमोद यादव, डॉ. गिरधर मिश्रा, डॉ. के एस तोमर समेत सभी सहायक कुलसचिव और शिक्षक उपस्थित थे।












