पुलिस लाइन में ज्यादा संख्या में लोगों का कोरोना टेस्ट (Corona Test) करवाया गया. यहां रिपोर्ट में पांच पुलिसकर्मी पॉजिटिव पाए गए जिससे हड़कंप मच गया. आनन-फानन में इन पांचों पुलिसकर्मियों को आइसोलेट (Isolation) करने की व्यवस्था कर उन्हें वहां से तत्काल हटाया गया
वाराणसी. उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) शनिवार को दो दिन के दौरे पर वाराणसी (Varanasi) पहुंचे. सीएम योगी (CM Yogi) ने अचानक यह दौरा तय किया जिसके बाद वो विकास कार्यों और कोरोना संक्रमित मरीजों (Corona Positive Patient) के स्वास्थ्य में हो रही लापरवाहियां का जायजा लेने यहां पहुचे. मुख्यमंत्री के आगमन को देखते हुए जिला प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे. इसके अलावा सीएम योगी के काफिले की स्वास्थ्य जांच के लिए कोविड-19 जांच (COVID Test) का कैंप भी लगाया गया था. यह कैंप मुख्यमंत्री की सुरक्षा में लगे पुलिसकर्मियों के साथ-साथ तमाम उन लोगों के लिए था जिन्हें यहां मुख्यमंत्री योगी से मिलना या उनकी सुरक्षा में खड़े रहना था.
शनिवार की शाम पांच बजे मुख्यमंत्री योगी वाराणसी पहुचे. उनके यहां पहुंचने से पहले जिलाधिकारी कार्यालय (डीएम ऑफिस) से बयान आया कि उनकी सुरक्षा में लगे सभी लोग अपना कोरोना टेस्ट करवाएं. ऐसे में आनन-फानन में बीएचयू से लेकर पुलिस लाइन कर कोरोना टेस्ट कैंप लगवाया गया. पहला कैंप बीएचयू के हेलीपैड के पास लगाया गया जबकि दूसरा कैंप पुलिस लाइन में लगाया गया था.
बीएचयू में लगाए गए कोरोना कैंप में 20 पुलिसकर्मियों का टेस्ट हुआ जिसमें सभी की रिपोर्ट निगेटिव आई. वहीं पुलिस लाइन में ज्यादा संख्या में लोगों का कोरोना टेस्ट करवाया गया. यहां रिपोर्ट में पांच पुलिसकर्मी पॉजिटिव पाए गए जिससे हड़कंप मच गया. आनन-फानन में इन पांचों पुलिसकर्मियों को आइसोलेट करने की व्यवस्था कर उन्हें वहां से तत्काल हटाया गया.
दरअसल ऐसा पहली बार हुआ जब कोरोना काल में सीएम योगी आदित्यनाथ के आगमन पर वाराणसी में उनकी सुरक्षा में लगे पुलिसकर्मियों का कोविड टेस्ट करवाया गया. जबकि इस महीने की शुरुआत में भी मुख्यमंत्री एक दिन के दौरे पर वाराणसी आए थे, लेकिन तब ऐसा इंतजाम नहीं किया गया था.
बता दें कि वाराणसी में कोविड पॉजिटिव मरीजों के इलाज में बरती जा रही लापरवाही की खबरें आने के कारण मुख्यमंत्री का यह दौरा हुआ है. सीएम योगी ने खुद वाराणसी में एक व्यापारी से इसकी शिकायत सुनने के बाद वाराणसी आने की बात कही थी.












