पैरामेडिकल छात्रों को मिला ड्रग एडमिनिस्ट्रेटर
का प्रशिक्षण,
खिलाएंगे फाइलेरिया रोधी दवा
22 नवम्बर से 07 दिसम्बर तक चलेगा एमडीए अभियान
कोविड-19 का टीका लगवाएं, स्वयं खाएं फाइलेरिया की दवा, फिर लोगों को खिलाएं: सीएमओ
संकल्प सवेरा,जौनपुर ।
राष्ट्रीय फाइलेरिया उन्मूलन अभियान के अंतर्गत मास ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (एमडीए) अभियान 22 नवंबर से 7 दिसंबर तक चलेगा । अभियान के अंतर्गत पैरामेडिकल छात्रों को ड्रग एडमिनिस्ट्रेटर (डीए) का प्रशिक्षण दिया गया। उन्हें फाइलेरिया उन्मूलन अभियान के दौरान लोगों को फाइलेरिया रोधी दवा खिलाने का कार्य सौंपा गया है।
अभियान के तहत लोगों को एलबेंडाजोल और डीईसी दवा खिलाई जाएगी। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की ड्यूटी चुनाव संबंधी कार्यों में लगी होने के कारण पैरामेडिकल छात्रों से ड्रग एडमिनिस्ट्रेटर का कार्य लिया जाएगा। इसके चलते अवध पैरामेडिकल नर्सिंग कालेज तथा कुंवर हरिवंश सिंह पैरामेडिकल फार्मेसी कालेज के पैरामेडिकल छात्रों को डीए का प्रशिक्षण दिया गया। 50-50 छात्रों के बैच को दिए गए प्रशिक्षण में पाथ संस्था की क्षेत्रीय समन्वयक डॉ जसप्रीत कौर ने उन्हें फेमिली रजिस्टर, आउट मार्किंग और दवा खिलाने के ढंग के बारे में जानकारी दी ।
जबकि प्रोजेक्ट कंसर्न इंटरनेशनल (पीसीआई) की जिला समन्वयक सरिता मिश्रा ने इंटरपर्सन कम्युनिकेशन (आईपीसी) के तरीकों के बारे में बताया।
मुख्य चिकित्साधिकारी (सीएमओ) डॉ लक्ष्मी सिंह ने छात्रों को बताया कि दवा का सेवन सबसे पहले उन्हें स्वयं करना है। उसके बाद फील्ड में जाकर लोगों को दवा खिलाना है। उन्होंने कहा कि कोविड-19 की दोनों डोज़ जरूर लगवा लें। पूरी निष्ठा के साथ अभियान में बढ़-चढ़ कर भाग लें।
कैसे फैलता है फाइलेरिया: जिला मलेरिया अधिकारी (डीएमओ) भानु प्रताप सिंह ने बताया कि फाइलेरिया क्यूलेक्स मच्छर के काटने से फैलता है। इस बीमारी का कारक बुचलेरिया बैंक्टोप्टाई परजीवी है। फाइलेरिया बीमारी होने पर बुखार आना, हाथ-पैर, अंडकोष व स्तन में सूजन हो जाता है।
इससे बचाव के लिए आसपास साफ-सफाई रखनी चाहिए। क्यूलेक्स गंदे पानी में फैलता है। इसलिए घर और आसपास पानी न जमा होने दें। लक्षण दिखने व बीमारी होने पर तुरंत डॉक्टर से सलाह लें और जल्द से जल्द उपचार कराएं।












