तीन दिवसीय आवासीय कार्यशाला शिविर का समापन : अदालत योगी
संकल्प सवेरा जौनपुर बाबा राजा रामदास कुटी देवरिया बम्बावन केराकत जौनपुर में हुआ था! इस शिविर में बस्ती, जल नेति, रबर नेति, तेल ने ति, कुन्जल क्रिया, अक्षीय तर्पण, शंख प्रक्षालन, गर्म व ठण्डी पट्टी, गर्म पाद स्नान, घर्षण चिकित्सा, पंक स्नान व यज्ञ चिकित्सा व योग चिकित्सा का अभ्यास कराया गया! कार्य क्रम में योगाभ्यास डा. ध्रुवराज योगाचार्य व अजय सिंह वारणसी के द्वारा कराया गया!डा. राजदेव वर्मा ने प्राकृतिक चिकित्सा के बारे में बताया कि यह भारत की प्राचीन चिकित्सा पद्धति है!
इसका प्रयोग आसानी से घर पर किया जा सकता है! ब्रह्मचारी अखिलेश गुरुकुल हरियाणा ने इस कार्यशाला में शास्त्र ,शस्त्र, योग यज्ञ व्यवहार काल, समाधि काल के विषय में अपना उद्बोधन दिया !बाबा राजा रामदास योग संस्थान के निदेशक अदालत योगी ने बताया कि प्राकृतिक चिकित्सा पद्धति ऋषि यो- मुनियों की सरल सहज शून्य वजट की सबसे पुरानी लगभग 2 अरब वर्ष की प्राचीन चिकित्सा पद्धति है! यह चिकित्सा पद्धति बहुत ही गुणकारी है! आज जो बिमारियों महामारी के रूप में फैल रही हैं,
जैसे जोड़ों का दर्द, गैस, कब्ज, शुगर ,बीपी, अर्थराइटिस ,दमा, अस्थमा आदि जैसी भयानक से भयानक बीमारियों का इलाज का पुरा समाधान है! इसलिए सभी को इस चिकित्सा पद्धति का प्रयोग करना चाहिए! इसी उद्देश्य से श्री राजाराम दास योग संस्थान की स्थापना की गई है! भारत में जन जन तक इस प्राकृतिक चिकित्सा का लाभ प्राप्त हो !
इस अवसर पर नरेंद्र पाल, रुचि, सचिव ,दिनेश यादव ,राजेंद्र प्रसाद, संग्राम ,सर्वजीत ,सौरभ, मुन्दर योगी, भैयालाल, वेद प्रकाश ,अवधेश, रामजतन यादव, विवेक आदि लोग इस प्राकृतिक चिकित्सा कार्यशाला में प्रतिभाग किया ! कार्य क्रम के समापन अवसर पर व्यवस्थापक वेद और अवधेश ने लोगों को धन्यवाद ज्ञापित किया!












