जिला पंचायत अध्यक्ष के लिए सदस्यों को रिझाने मे जुटे प्रत्याशी
पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने वरिष्ठ नेताओं को जीत के लिए सौंपी जिम्मेदारी
भाजपा ने अभी तक नहीं की प्रत्याशी की घोषणा
श्रीकंला सिंह चुनाव प्रचार में भर रही जोर
संकल्प सवेरा,जौनपुर। जिला पंचायत अध्यक्ष पद के लिए चुनाव तीन जुलाई को होगा । जिसके लिए चुनाव मैदान में अभी तक तीन प्रत्याशियों ने अपनी ताकत झोंक दी है।
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को पूर्व सीएम अखिलेश यादव ने सीट को सपा की झोली में डालने की जिम्मेदारी सौपी है । और सभी नेताओं को निष्ठा से एकजुट रहने की नसीहत दी।
जौनपुर में कुल 83 जिला पंचायत सदस्य अध्यक्ष पद की कुर्सी तय करेंगे। इसमें पार्टी स्तर पर सदस्यों की सफलता को देखा जाए तो भाजपा के 10 सदस्य, बसपा के 10 ,अपना दल के 6 ,आम आदमी पार्टी के तीन ,आईएमआईएम व उलेमा काउंसिल के एक- एक व सपा के कार्यकर्ताओ, नेताओं की फेहरिस्त में 42 तथा 10 निर्दलीय के रूप मे चुनाव जीते हैं ।
जीत पाने के लिए 42 जिला पंचायत सदस्यों का समर्थन मत जरूरी। जबकि 2 से अधिक प्रत्याशी होने पर इस संख्या में उतार- चढ़ाव संभव है। जिसमें तीन प्रत्याशी चुनाव मैदान में प्रचार प्रसार में जुटे हैं । संख्या बल से सपा का पलड़ा भारी नजर आ रहा है ।
उधर समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष कलावती यादव की बहू सपा के वरिष्ठ नेता डॉ जितेंद्र यादव की पत्नी पर दांव लगाया है।
सूत्रों की माने तो जिले के पार्टी नेताओं के जोश को बढ़ाने के लिए मुखिया अखिलेश यादव ने गुरुवार को लखनऊ में जिला संगठन व विधायक वरिष्ठ नेताओं की क्लास लगाई थी।
उन्होंने सपा के वरिष्ठ नेताओं को निष्ठा के साथ जुटने व सहयोग करने का निर्देश दिया और चुनाव जिताने के लिए पूर्व मंत्री/ विधायक शैलेंद्र यादव ” ललई ” को नेतृत्व करने के साथ सभी विधायक, जिला अध्यक्ष,पदाधिकारियों व अन्य वरिष्ठ नेताओं को जिम्मेदारी सौपी ।
भरोसा जताते हुए कहा कि किसी भी हाल में सपा की जीत होनी चाहिए ।इसलिए सब लोग निष्ठा से जीत के लिए जुट जाएं, अन्यथा बाद में जिसकी शिकायत व कमी पाई जाएगी। उस पर गाज गिरना तय हैं।
देखा जाय मुखिया के आदेश का पालन हुआ या सपा में कोई भितरघात ना हुआ तो सपा यह सीट जीतने का इतिहास दोहरा सकती है।
भाजपा ने अभी तक अपने प्रत्याशी की घोषणा नहीं की है, जबकि तीन लोगों का आवेदन है। जिसमें पूर्व सांसद हरिबंस सिंह की बहू नीलम सिंह व ब्लॉक प्रमुख संदीप सिंह की पत्नी रंजना सिंह ,भाजपा नेता आमोद सिंह की पत्नी कृष्णा सिंह भाजपा से लड़ने का दावा ठोक रही हैं। जबकि पूर्व सांसद धनंजय सिंह की पत्नी श्रीकंला सिंह भी प्रबल दावेदार है और जिला पंचायत सदस्यों को रिझाने में हर संभव कदम उठा रही हैं । तो इतिहास दोहराने से इनकार नहीं किया जा सकता
फिलहाल मैदान में उतरे सभी प्रत्याशी जीत के लिए हर संभव प्रयास कर रहे हैं। सत्ता पक्ष भी जीत के लिए हर दाव चलना शुरू कर दिया है।












