बोटाद जहरीली शराबकांड : मृतकों ने शराब नहीं कैमिकल पिया था, गुजरात पुलिस का दावा
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संकल्प सवेरा,अहमदाबाद | बोटाद के कथित जहरीला शराबकांड पुलिस ने बड़ा दावा किया है| पुलिस का दावा है कि मृतकों ने शराब नहीं बल्कि कैमिकल पिया था| कैमिकल बनाने वाले मुख्य आरोपी जयेश से पूछताछ के बाद पुलिस ने यह दावा किया है| बता दें कि सोमवार को बोटाद के बरवाला में शराब पीने के कई लोगों की तबियत बिगड़ गई थी
| इस घटना में अब तक 31 जितने लोगों की मौत हो चुकी है और 50 से अधिक लोग अस्पताल में उपचाराधीन हैं| पूरे मामले की जांच के लिए पुलिस उपाधीक्षक की अध्यक्षता में एसआईटी का गठन कर दिया गया है| दूसरी ओर अहमदाबाद क्राइम ब्रांच ने मुख्य आरोपी जयेश खावडिया को गिरफ्तार कर लिया है| जयेश उर्फ राजु खावडिया वही शख्स जिसने 600 लीटर मिथेनोल सप्लाई किया था|
इसी कैमिकल में पानी मिलाकर पर पाउच 40 रुपए के हिसाब से बेचा गया था| जयेश उर्फ राजु अहमदाबाद के पीपलज के निकट अमोज नामक कंपनी में काम करता है और गोदाम का इंचार्ज है| जयेश अपने परिवार के साथ वहीं रहता है| अमोज कंपनी के गोदाम में मिथाइल आल्कोहोल के बेरल रखे जाते हैं| गत 22 जुलाई को जयेश ने अपने चचेरे भाई संजय के साथ मिलकर कैमिकल कांड को अंजाम दिया था| जयेश ने 600 लीटर कैमिकल गोदाम से चोरी कर रु. 40000 में संजय और उसके सगे भाई विनोद को बेच दिया था| जिसके बाद संजय और विनोद ने पिन्टू को 200 लीटर, 200 लीटर नगोई के अजित को और बाकी 200 लीटर कैमिकल अपने पास रख लिया था|
पिन्टू ने 200 लीटर कैमिकल रैया गांव के भगवान नारायण, वल्लभ, जटुभा, गजु, विपुल विनु को दिया था| इस प्रकार मिथाइल आल्कोहोल का वितरण किया गया था| चौंकाने वाली बात यह है कि मिथाइल आल्कोहोल खरीदने वाले विपुल विनु की इसे पीने से मौत हो गई है| पुलिस का दावा है कि इस कैमिकल में शराब नहीं मिलाई गई| बल्कि पानी में कैमिकल मिलाकर शराब के नाम से बेच दिया गया
| गुजरात पुलिस का दावा है कि मृतकों ने शराब नहीं बल्कि पानी मिला हुआ कैमिकल पिया था| जिसकी वजह से उनकी मौत हो गई| फिलहाल पुलिस ने 450 लीटर मिथाइल जब्त कर लिया है| इसका भी उपयोग किया जाना था और ऐसा होता बड़ी जानहानि हो सकती थी|












