(डॉ भावना शर्मा कहिन)
24 जून 2020 का दिन काफी विलक्षण रहा कि गो काष्ठ का उद्घाटन और सभी अतिथि पधारे केवल वाट्सप मैसेज से और यह सबसे सुखद पल था झुंझुनूं वासियों के लिये। एक वक्त हुआ करता था कि कलक्टर साहब और एसपी साहब से मिलने के लिए वक्त मांगा जाता था और उस पर भी वक्त मिल जाए जरूरी नहीं पर झुंझुनूं के कोरोना काल की दो सुखद घटना हुई कि एक तो जय दादी मां ग्रूप के सौजन्य से गोकाष्ठ की मशीन का उद्घाटन और एक बिना औपचारिकता के प्रशासन का आगमन। कलक्टर साहब श्री उमरदीन खान साहब, और एसपी साहब श्री जगदीश चंद्र शर्मा और सीएमएचओ श्री छोटेलाल गुर्जर, बिजली विभाग के चीफ़ इंजीनियर अशोक कुमार गुप्ता , पशुपालन विभाग के उपनिदेशक डाॅ सुरेंद्र सैनी जी, महिला शक्ति भरतीया हास्पिटल चूरू में पदस्थापित डॉ उपासना चौधरी, डॉ नरोत्तम जांगिड़ डिप्टी सीएमएचओ, फेमेली वेल्फेयर डॉ हरीश कोशिक, वन विभाग के श्री राजेन्द्र हुड्डा इत्यादि का आगमन काफी सुखद रहा। नंदीशाला मे एक अलग ही पर्व जैसा माहौल था और कोरोना आचार संहिता के कारण न फूलों का हार था और न तिलक आचरण था… पर था बहुत स्नेह भरा स्वागत सत्कार। महिलाओं ने मंगल गीत गाए। गोकाष्ठ मशीन का अनावरण हुआ और प्रयोग के लिए बनाई गई गोकाष्ठ को श्मशानघाट तक पहुंचाने के लिए हरी झंडी दिखा कर ट्रोली को विदा किया और वही हवन के लिए गोकाष्ठ लकड़ियों का उपहार दिया गया।
इस लोकार्पण पर्व की विशेषता यह भी रही कि छत्रछाया ग्रूप के तत्वावधान में नीम गिलोय का रोपण किया गया और आए हुए अतिथियों को गिलोय का उपहार दिया गया कि वे सभी अपने अपने घरो मे पौधारोपण करेंगे।
कलक्टर श्री उमरदीन खान साहब ने गोधन के भविष्यागामी सुधारों पर काफ़ी सुझाव दिए और आह्वान किया कि झुंझुनूं के हर छोटे प्रयासों को भी झुंझुनूं प्रशासन प्रोत्साहित करेगा और भविष्य में आपके सहयोग के लिए तत्पर रहेगा। एसपी श्री जगदीश चंद्र शर्मा ने कहा कि हम आपके मैसेज का सम्मान करते हैं और आशा करेंगे झुंझुनूं की बहन बेटियाँ नवाचारों के लिए हमेशा तत्पर रहेगी। सीएमएचओ डाॅ छोटेलाल लाल गुर्जर ने गिलोय के आयुर्वेद फायदे बताए वही डाॅ उपासना चौधरी ने भारतीय संस्कृति में गोकाष्ठ की महत्ता पर प्रकाश डाला। वन विभाग के श्री राजेन्द्र हुड्डा ने गोकाष्ठ के उत्पादन से पर्यावरण संरक्षण व पौधारोपण पर विचार व्यक्त किए। इसी क्रम में बिजली विभाग के अशोक कुमार गुप्ता जी ने कुसुम योजना प्रोजेक्ट पर विचार विमर्श किया। पशुपालन विभाग के उपनिदेशक सैनी जी ने भी पशुधन संरक्षण पर विचार व्यक्त किए।
प्रतीक चिह्न देकर नंदीशाला आयोजक टीम श्री ताराचंद भौडकीवाला, श्री सुभाष क्यामसरिया, श्री दिनेश ढंढारिया ने सम्मान किया और इस पवित्र पल के चश्मदीद गवाह बने शिक्षाविद दिलीप मोदी, छत्रछाया अध्यक्ष नीरजा मोदी, डॉ डीएन तुलस्यान, जय दादी मां ग्रूप ममता जालान की टीम, सपना राणासरिया, ऊषा केडिया, वृक्ष मित्र श्री राम गोपाल महमिया, गायक कलाकार जाकिर अब्बासी, बाबूलाल चंदेल सहित गणमान्य लोग उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संयोजन डाॅ भावना शर्मा ने किया।












