डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन एक प्रसिद्ध दार्शनिक, शिक्षाविद राजनेता थे: राज्यमंत्री
जौनपुर,संकल्प सवेरा। शुक्रवार को शिक्षक दिवस के अवसर पर नगर के प्रतिष्ठित होटल पर खेल एवं युवा कल्याण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) माननीय गिरीश चंद यादव जी द्वारा सेवानिवृत्ति गुरुजनों का सम्मान में “गुरुश्रेष्ठ सम्मान समारोह” का आयोजन किया गया।
इस कार्यक्रम में ऐसे गुरुजनों का जिन्होंने अपना संपूर्ण जीवन शिक्षक के रूप में देखकर समाज के लाखों छात्रों को ऊंचाइयों तक पहुंचाया, जिनके द्वारा शिक्षित किए गए छात्र विभिन्न क्षेत्रों में देश के निर्माण में अपना योगदान दे रहे हैं।

“गुरुश्रेष्ठ सम्मान समारोह” कार्यक्रम का शुभारंभ मंचासिन अतिथि सेवानिवृत शिक्षक पूर्व प्रधानाचार्य प्रताप नारायण गुप्ता जी, सेवानिवृत शिक्षक श्री जनार्दन प्रसाद अस्थाना जी, डाक्टर आर पी सिंह जी , पूर्व प्रधानाचार्य रणजीत सिंह, डाक्टर वंदना दुबे, कांता प्रसाद मौर्य, जोगेंदर निषाद, जगदीश सिंह, नगर पालिका परिषद की अध्यक्ष श्रीमती मनोरमा मौर्या व माननीय गिरीश चन्द्र यादव जी द्वारा विद्या की देवी मां सरस्वती की प्रतिमा व शिक्षाविद पूर्व राष्ट्रपति डॉक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्णन जी की प्रतिमा पर दिप प्रज्वलित व पुष्पांजन करके किया गया।
तत्पश्चात राज्यमंत्री (स्वतन्त्र प्रभार) द्वारा मंचासीन गुरुजनों का माल्यार्पण , अंगवस्त्रम एवं मां सरस्वती की प्रतिमा का स्मृति चिन्ह भेटकर स्वागत व अभिनंदन किया गया।
इसके पश्चात माननीय मंत्री द्वारा सभागार में उपस्थित सभी गुरुजनों के पास जाकर साल व मां सरस्वती की प्रतिमा वाला स्मृति चिन्ह भेटकर गुरुजनो का आशीर्वाद प्राप्त किया।
राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गिरीश चन्द्र यादव ने अपने उद्बोधन में कहा कि डॉ. सर्वपल्ली राधाकृष्णन भारत के द्वितीय राष्ट्रपति, और एक प्रसिद्ध दार्शनिक, शिक्षाविद तथा राजनेता थे. उनकी प्रसिद्धि का मुख्य कारण भारतीय दर्शन और संस्कृति का पश्चिमी देशों में परिचय कराना, शिक्षा के क्षेत्र में उनके महत्वपूर्ण योगदान, और उनके उत्कृष्ट मानवीय गुणों का था उनके सम्मान में भारत में हर साल 5 सितंबर को शिक्षक दिवस मनाया जाता है,

गुरु श्रेष्ठ सम्मान समारोह में
राजकालेज स्नातकोत्तर महाविद्यालय के सेवानिवृत्ति डॉ
आर पी ओझा ने शिक्षाविद पूर्व राष्ट्रपति भारत रत्न से सम्मानित डॉक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्णन के संपूर्ण व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला,
इसी क्रम में हर गोविन्द इण्टर कॉलेज के पूर्व प्रधानाचार्य प्रताप नारायण गुप्ता जी ने कार्यक्रम की उपादेयता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि इतनी बड़ी संख्या में सेवानिवृत शिक्षकों का सम्मान इससे पहले कभी नहीं हुआ था इस कार्यक्रम को करने के लिए मंत्री जी को धन्यवाद और आशीर्वाद दिया। और कहा कि मैं मंत्री जी को पिछले कई वर्षों से जानता हूं जिस तरह से आपने सांस्कृतिक राष्ट्रवाद के रास्ते पर चलते हुए विपरीत परिस्थितियों में भी अपनी विचारधारा पर अडिग रहे और आज एक विकासशील और कर्मशील मंत्री के रूप में पूरे प्रदेश में स्थापित हैं और जौनपुर जनपद में जिस तरह से विकास का कार्य कर रहे हैं उसे हम सब आल्हादित हैं हम सभी गुरुजनों का आशीर्वाद है कि आप आगे भी इस तरह कार्य करते रहें।
कार्यक्रम को सेवानिवृत शिक्षक श्री जनार्दन प्रसाद अस्थाना जी व सेवानिवृत शिक्षक वन्दना दुबे, पूर्व प्रधानाचार्य रणजीत सिंह, जगदीश सिंह, डाक्टर आर पी सिंह जी व शिक्षक जोगेंदर निषाद जी ने भी अपने उद्बोधन में शिक्षाविद डाक्टर सर्वपल्ली राधाकृष्णन जी के सम्पूर्ण जीवन पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम की अध्यक्षता सेवानिवृत शिक्षक डॉक्टर वंदना दुबे जी ने किया।
कार्यक्रम के अंत में खेल एवं युवा कल्याण राज्य मंत्री स्वतंत्र प्रभार माननीय गिरीश चंद्र यादव जी ने सभी आए हुए गुरूजनो के प्रति आभार प्रकट किया और कहा कि भविष्य में भी ऐसे कार्यक्रम करता रहूंगा आप सबके आशीर्वाद से नव ऊर्जा का संचार और संबल प्राप्त होता है माननीय मंत्री जी ने सभी गुरुजनों को आश्वस्त किया कि आपको कभी भी मेरी आवश्यकता हो तो मेरे पास आने की आवश्यकता नहीं है आप मुझे फोन कीजिएगा मैं आपके पास स्वयं पहुचुगा।
कार्यक्रम का संचालन शिक्षक सन्तोष त्रिपाठी जी ने किया
कार्यक्रम में प्रमुख रूप से सेवा निवृत शिक्षक जीत बहादुर सिंह, उर्मिला सिंह, माला श्रीवास्तव, मेवा लाल गौतम जी, डा. सतेन्द्र सिंह जी,
छोटेलाल यादव जी, डा.आर पी सिंह जी, अखिलेश श्रीवास्तव जी, श्याम बिहारी , संतोष सिंह वत्स जी, देवेन्द्र नाथ श्रीवास्तव जी , सुभाष सिंह जी , डाक्टर कीर्ति सिंह व अन्य शिक्षक गण उपस्थित रहे।















