लखनऊ. उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में 6 जनवरी को हुए गैंगवार में पूर्व ब्लॉक प्रमुख अजीत सिंह की हत्या (Ajeet Singh Murder Case) मामले में लखनऊ पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की गई है. पुलिस ने पूर्व सांसद धनंजय सिंह के खिलाफगिरफ्तारी वारंट जारी कर दिया है. पुलिस ने धनंजय को हत्या की साजिश रचने का आरोपी बनाया है.लखनऊ की सीजेएम कोर्ट ने धनंजय के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी कर दिया है.
गैंगवार में घायल शूटर का इलाज करने वाले सुल्तानपुर के डॉ. एके सिंह ने पुलिस पूछताछ में बताया था कि धनंजय सिंह ने ही उन्हें फोनकर घायल शूटर के इलाज के लिए कहा था.
शूटर का इलाज कराने का लगा था आऱोप
अजीत सिंह हत्याकांड की जांच में जुटी लखनऊ पुलिस को जानकारी मिली थी कि गैंगवार में घायल एक शूटर का इलाज सुल्तानपुर के एक डॉक्टर एके सिंह ने किया था. इसके बाद पुलिस ने नोटिस भेजकर डॉक्टर को पूछताछ के लिए बुलाया था. पुलिस को एके सिंह ने बताया था कि धनंजय सिंह ने उन्हें इलाज के लिए कहा था. उन्हें नहीं पता था कि घायल व्यक्ति अपराधी है और उसे गोली लगी है. डॉक्टर एके सिंह पर आईपीसी 176 की कार्रवाई के बाद 5 लाख रुपये के निजी मुचलके पर उन्हें थाने से छोड़ा गया था.
डॉक्टर के बयान के बाद पुलिस यह मानकर चल रही थी कि अजीत सिंह हत्याकांड में धनंजय सिंह ने न सिर्फ शूटर्स मुहैया करवाए बल्कि उन्हें पुलिस से बचाने की भी कोशिश की. इसके बाद पुलिस ने पूछताछ के लिए धनंजय को नोटिस भी भेजा था












