किसी भी मामले को लेकर प्रदर्शनकारियों द्वारा बीच सड़क पर बैठ कर सड़क जाम कर यातायात को प्रभावित करने वाला आंदोलन उनके लिए सरदर्द बन सकता है. जौनपुर पुलिस ऐसे मामलों में कड़ाई से पेश आने जा रही है. उच्चाधिकारियों से बात करने के लिए प्रदर्शनकारियों द्वारा सड़क मार्ग को अवरुद्ध कर यातायात बाधित करने पर जौनपुर पुलिस प्रशासन द्वारा कड़ी कार्यवाही की जाएगी. नवागत पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार ने बताया कि सड़क मार्ग अवरुद्ध कर प्रदर्शनकारियों द्वारा यातायात को बाधित कर दिया जाता है. यातायात ठप्प होने के कारण एम्बुलेंस, स्कूल बस और राहीगरों को असुविधा होती है. आम जनता जाम से त्रस्त हो जाती है. जाम लगने के कारण स्कूल बसों में बच्चे भूख से बिलबिलाते हैं वहीं दूसरी तरफ एम्बुलेंस में बैठे मरीज भी परेशान हो जाते हैं.ऐसे में जनहित को देखते हुए पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार ने कहा कि ऐसे मामलों में पुलिस द्वारा वीडियोग्राफी कराई जाएगी.

सड़क मार्ग अवरुद्ध करने वालों की पहचान वीडियोग्राफी के माध्यम से होगी और ऐसे लोगों के खिलाफ मुकदमा पंजीकृत कर जेल भेज दिया जाएगा. सड़क मार्ग को जाम करने से किसी भी मसले का हल नहीं हो सकता है. समस्या को संबंधित अधिकारी के समक्ष लोकतांत्रिक तरीके से प्रस्तुत किया जाना चाहिए. अशोक कुमार ने कहा कि सड़क बाधित करने से मुकदमा दर्ज कर सख्त से सख्त कार्यवाई भी की जाएगी. इसके दूरगामी परिणाम होंगे. ना तो ऐसे व्यक्तियों का भविष्य में किसी भी प्रकार का कोई लाइसेंस बन पाएगा और कोर्ट-कचहरी का चक्कर लगाने पर दोबारा ऐसी गतिविधियों को बढ़ावा नहीं मिलेगा. सड़क जाम करने से आम जन को असुविधा का सामना करना पड़ता है. सड़क पर चलने वाले लोगों की वजह से उक्त समस्या तो उत्पन्न होती नहीं ऐसे में यातायात को बाधित कर सिर्फ और सिर्फ उनकी परेशानियों में इज़ाफ़ा होता है.











